
मराठा आरक्षण आंदोलन की अगुवाई कर रहे मनोज जरांगे ने महाराष्ट्र सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर सरकार 13 जुलाई तक मराठा आरक्षण को पूर्ण रूप से लागू नहीं करती है तो हम 20 जुलाई से फिर से अनिश्चितकालीन अनशन शुरू कर देंगे। मनोज जरांगे ने यह बात बीते शनिवार को एक सभा में संबोधित करने के दौरान कही, साथ ही उसने मराठाओं को अगले आंदोलन के लिए पूरी तरह से तैयार होकर मुंबई में इकट्ठा होने का आग्रह किया।
आपको बता दें कि इसी वर्ष अक्टूबर में महाराष्ट्र विधानसभा का चुनाव होने वाला है ऐसे में मराठा आरक्षण की आंदोलन एक बार फिर से जोर पकड़ने लगा है। छत्रपति संभाजी नगर में एक रैली को संबोधित करते हुए मनोज जरांगे ने कहा कि– यदि सरकार हमारी बात नहीं मानेगी और हमारी मांगे पूरी नहीं करेगी तो मराठा आरक्षण के लिए जालना जिले के अंतरवाली सरती गांव में 20 जुलाई को विरोध प्रदर्शन फिर से शुरू करेंगे। उन्होंने आगे कहा कि – मराठा आरक्षण को लागू करने के लिए सरकार द्वारा मांगी गई एक महीने की समय शनिवार को खत्म हो गई। अब मैं सरकार से यही कहना चाहता हूं कि मराठा समाज की जो 9 मांगे हैं उसे तत्काल पूरी किया जाए।
13 जुलाई तक दिया था अल्टीमेटम
मनोज जरांगे ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि – अभी मराठा आरक्षण आंदोलन के प्रथम चरण का अंत हुआ है प्रथम चरण के आंदोलन में सरकार ने हम लोगों से वादा किया था कि हमें एक महीना का समय दीजिए हम आपकी मांग को पूरा करेंगे। सरकार के द्वारा लिया गया 1 महीने का समय 13 जुलाई को समाप्त हो गया है। अगर हमारी मांगों को पूरा नहीं करती है तो 20 जुलाई को आंदोलन का दूसरा चरण शुरू करेंगे। आपको बता दें कि फरवरी में महाराष्ट्र विधानसभा ने मराठा आरक्षण आंदोलन के बीच शिक्षा और सरकारी नौकरियों में मराठा समुदाय के लिए 10% आरक्षण देने का विधेयक पारित किया था।
20 जुलाई को हो कर सकते हैं बड़ा आंदोलन
मराठा आरक्षण आंदोलन के मुख्य कार्यकर्ता मनोज जरांगे ने से जब पूछा गया की 13 जुलाई तो बीत गया है और सरकार ने आपकी मांग को अभी तक पूरा भी नहीं किया है अब आगे का क्या रणनीति होगा? इस पर जवाब देते हुए जाएंगे ने कहा कि – 20 जुलाई की समय सीमा सरकार के लिए आखिरी मौका है। यदि इस समय तक सरकार हमारी मांग को पूरा नहीं करता है तो हम उसी दिन आंदोलन का दूसरा चरण शुरू कर देंगे।
मराठा समुदाय को धोखा दिया गया है
मनोज जरांगे ने कहा कि – सरकार ने मराठा समाज के लोगों को धोखा देने का काम किया है। उन्होंने राज्य सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि – यदि मराठाओं को आरक्षण नहीं दिया गया और मराठा समुदाय के लोग मुंबई चले गए तो उन्हें जगह देने के लिए सरकार को 300 किलोमीटर का क्षेत्र देना होगा। उन्होंने आगे कहा कि – अगर मराठवाड़ा के मराठा बाहर आ गए तो मुंबई के निवासियों को शहर छोड़ना पड़ सकता है।
चुनाव लड़ने के सवाल पर क्या कहा?
मनोज जेरेंज से जब आगामी विधानसभा चुनाव में चुनाव लड़ने को लेकर सवाल किया तो उसके जवाब में उन्होंने कहा कि – जिस दिन मैं अनिश्चितकालीन अनशन शुरू करूंगा उस दिन मैं घोषणा करूंगा कि चुनाव लड़ना है या 288 उम्मीदवार को हराना है।